बरेली। मादक पदार्थों के नेटवर्क पर बड़ी कार्रवाई करते हुए एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (एएनटीएफ) बरेली इकाई ने स्मैक बनाने में इस्तेमाल होने वाले 4.98 कुंतल एसिटिक एनहाइड्राइड प्रिकर्सर केमिकल के साथ चार तस्करों को गिरफ्तार किया है। यह केमिकल हरियाणा के मेवात से लाकर बदायूं के रास्ते पश्चिम बंगाल के बड़े तस्करों तक पहुंचाया जाना था। एएनटीएफ ने दो वाहन, पांच मोबाइल फोन और नकदी भी बरामद की है। थाना शाही में एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर सभी आरोपियों को जेल भेज दिया गया।
मेवात से लाई गई थी खेप, बदायूं में होनी थी डिलीवरी
एएनटीएफ बरेली इकाई के प्रभारी विकास यादव के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों में बदायूं के सहसवान थाना क्षेत्र के गांव नदायल निवासी वासिद, अमरोहा के मंडी धनौरा थाना क्षेत्र के चक मुस्तफापुर निवासी जोगेश सिंह, डिडौली थाना क्षेत्र के हटऊआ निवासी तेजपाल सिंह और जाटव कॉलोनी, जोया निवासी अरुण कुमार शामिल हैं। पूछताछ में सामने आया कि चारों हरियाणा के मेवात से एसिटिक एनहाइड्राइड खरीदकर लाए थे। जोगेश और वासिद कार से जबकि अरुण और तेजपाल पिकअप वाहन से गए थे। केमिकल को पिकअप में लादकर बदायूं पहुंचाया जाना था, जहां से इसे पश्चिम बंगाल के एक बड़े तस्कर तक भेजने की तैयारी थी।
सरगना ने खोले नेटवर्क के राज
पूछताछ में जोगेश सिंह को गिरोह का सरगना बताया गया है। उसने खुलासा किया कि गिरोह लंबे समय से इस अवैध कारोबार में सक्रिय था और स्मैक बनाने में इस्तेमाल होने वाले प्रिकर्सर केमिकल की सप्लाई करता था। इस धंधे से होने वाले मुनाफे को सभी आरोपी आपस में बांट लेते थे। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य तस्करों और सप्लाई चेन की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।
498.35 किलो केमिकल, दो वाहन और मोबाइल बरामद
एएनटीएफ ने आरोपियों के कब्जे से 498.35 किलोग्राम एसिटिक एनहाइड्राइड, दो वाहन, पांच मोबाइल फोन और 1080 रुपये नकद बरामद किए हैं। थाना शाही में एनडीपीएस अधिनियम की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर चारों आरोपियों का चालान किया गया, जहां से अदालत ने उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया। पुलिस पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है और अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।