बरेली। सीएम ग्रिड योजना के तहत कोहाड़ापीर-नैनीताल रोड पर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान नगर निगम की टीम ने स्मार्ट सिटी परियोजना को बड़ा झटका दे दिया। बुलडोजर की एक चूक से सीसीटीवी कैमरों का कंट्रोल जंक्शन बॉक्स क्षतिग्रस्त हो गया, जिसकी कीमत 20 से 30 लाख रुपये बताई जा रही है। घटना के बाद नगर निगम और स्मार्ट सिटी परियोजना के बीच समन्वय पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
स्थानीय लोगों के अनुसार बुलडोजर दीवार तोड़ते-तोड़ते सीधे जंक्शन बॉक्स तक पहुंच गया, लेकिन मौके पर मौजूद नगर निगम और प्रवर्तन टीम के किसी अधिकारी या कर्मचारी ने मशीन को रोकने या उपकरण को सुरक्षित हटाने का प्रयास नहीं किया। इससे सरकारी परियोजना का महत्वपूर्ण उपकरण क्षतिग्रस्त हो गया।
सीसीटीवी नेटवर्क पर पड़ सकता है असर
क्षतिग्रस्त जंक्शन बॉक्स स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत संचालित सीसीटीवी कैमरों के नेटवर्क का अहम हिस्सा था। इसके उखड़ने से संबंधित क्षेत्र की निगरानी व्यवस्था और कैमरों के संचालन पर असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है। तकनीकी टीम अब नुकसान का आकलन करने में जुटी है। यह पहला मामला नहीं है। इससे पहले जगतपुर क्षेत्र में डलावघर के पास कूड़ा उठाने के दौरान भी स्मार्ट सिटी का एक जंक्शन बॉक्स क्षतिग्रस्त हो चुका है। लगातार दूसरी घटना के बाद नगर निगम की कार्यप्रणाली और अभियान के दौरान बरती जा रही सावधानी पर सवाल उठने लगे हैं।
20 से 30 लाख तक बताई जा रही एक जंक्शन बॉक्स की कीमत
जानकारी के अनुसार एक जंक्शन बॉक्स की कीमत करीब 20 से 30 लाख रुपये तक होती है। ऐसे में दो घटनाओं में स्मार्ट सिटी परियोजना को भारी आर्थिक नुकसान होने की आशंका है। हालांकि संबंधित विभाग की ओर से अभी तक नुकसान का आधिकारिक आकलन जारी नहीं किया गया है। घटना के बाद यह सवाल भी उठ रहा है कि अतिक्रमण हटाने से पहले नगर निगम ने स्मार्ट सिटी कंपनी या संबंधित तकनीकी एजेंसी से समन्वय क्यों नहीं किया। यदि संवेदनशील उपकरणों की पहले पहचान कर उन्हें सुरक्षित हटाया जाता तो लाखों रुपये के नुकसान से बचा जा सकता था।
जवाबदेही तय करने की उठी मांग
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि किसी निजी व्यक्ति की संपत्ति को नुकसान पहुंचता तो तत्काल जिम्मेदारी तय होती, लेकिन सरकारी परियोजना को हुए नुकसान के बावजूद अब तक किसी अधिकारी या कर्मचारी की जवाबदेही तय नहीं की गई है। लोगों ने पूरे मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई और नुकसान की भरपाई सुनिश्चित करने की मांग की है। बरेली स्मार्ट सिटी कंपनी सीईओ संजीव कुमार मौर्य ने कहा कि मामले में संबंधित अधिकारी और प्रभारी से जवाब मांगा गया है। जंक्शन बॉक्स उखड़ने से कितना नुकसान हुआ है, इसकी विस्तृत रिपोर्ट भी तलब की गई है।