बरेली। उर्स-ए-ताजुश्शरिया में शामिल होकर घर लौट रहे मौलाना तौसीफ रजा की मौत के मामले में जीआरपी ने बड़ा खुलासा किया है। करीब डेढ़ माह तक चली जांच के बाद पुलिस ने 10 हजार रुपये के इनामी आरोपी पंकज राजपूत को गिरफ्तार कर लिया है। जीआरपी का दावा है कि आरोपी ने पूछताछ में मौलाना के साथ ट्रेन में हुए विवाद के बाद उन्हें चलती ट्रेन से धक्का देने की बात स्वीकार की है। पुलिस अब मामले को हत्या से गैर इरादतन हत्या की धाराओं में तरमीम करने की तैयारी कर रही है।
एसएसपी जीआरपी आशुतोष शुक्ला ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी पंकज राजपूत मुरादाबाद के मोहल्ला कानून गोयान का निवासी है। उसकी गिरफ्तारी पर पुलिस अधीक्षक रेलवे, मुरादाबाद द्वारा 10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था। जीआरपी ने सर्विलांस, मुखबिर की सूचना और ट्रेन में मौजूद यात्रियों से मिले इनपुट के आधार पर आरोपी की पहचान की। उसे बरेली जंक्शन के प्लेटफॉर्म नंबर दो पर चेकिंग के दौरान दबोच लिया गया।
200 से ज्यादा यात्रियों से हुई पूछताछ
मामले की तह तक पहुंचने के लिए जीआरपी ने ट्रेन के कोच संख्या 8, 9 और 10 में सफर कर रहे 200 से अधिक यात्रियों से पूछताछ की। इसके अलावा बरेली जंक्शन समेत विभिन्न रेलवे स्टेशनों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए। यात्रियों के बयान और वीडियो क्लिप जांच में अहम सबूत साबित हुए, जिनके आधार पर आरोपी तक पहुंचने में सफलता मिली। बिहार के किशनगंज निवासी मौलाना तौसीफ रजा 27 अप्रैल को 04314 योगनगरी ऋषिकेश-मुजफ्फरपुर स्पेशल ट्रेन से घर लौट रहे थे। उसी दिन सुबह करीब सात बजे उनका शव कैंट थाना क्षेत्र में पालपुर रेलवे क्रॉसिंग के पास रेलवे ट्रैक पर मिला था। वह जनरल टिकट पर यात्रा कर रहे थे, लेकिन स्लीपर कोच में बैठे हुए थे।
पत्नी ने लगाया था पीटकर फेंकने का आरोप
घटना के बाद चार मई को मौलाना की पत्नी तबस्सुम बरेली पहुंचीं और अज्ञात लोगों के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई। उनका आरोप था कि ट्रेन में कुछ लोगों ने उनके पति के साथ मारपीट की और बाद में उन्हें ट्रेन से नीचे फेंक दिया। उन्होंने यह भी बताया था कि घटना से पहले मौलाना ने फोन कर ट्रेन में कुछ लोगों से विवाद होने की जानकारी दी थी। एसएसपी जीआरपी आशुतोष शुक्ला ने बताया कि आरोपी ने झगड़े के बाद मौलाना को धक्का देने की बात स्वीकार की है। उपलब्ध साक्ष्यों और जांच के आधार पर मुकदमे में आवश्यक कानूनी कार्रवाई करते हुए धाराओं में संशोधन किया जाएगा।