बरेली। उत्तर प्रदेश के पूर्व दिवंगत मुख्यमंत्री कल्याण सिंह के बेटे पूर्व सांसद राजवीर सिंह उर्फ राजू भैया की वीटो पावर ने ब्रज क्षेत्र के कई दिग्गज नेताओं के सियासी अरमान कुचलकर रख दिये। राजू भैया एक बार फिर राज्यसभा सांसद और केंद्र सरकार में मंत्री बीएल वर्मा पर भारी पड़े। ब्रज क्षेत्र में यूं तो कई नेता क्षेत्रीय अध्यक्ष बनने की लाइन में थे, वर्तमान अध्यक्ष दुर्विजय सिंह शाक्य के रिपीट होने की भी चर्चाएं तेज थीं। लेकिन भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष और तेज तर्रार नेता पूरन लाल लोधी ने सभी अटकलों पर विराम लगा दिया। हालांकि एक माह पहले ही उनका नाम फाइनल हो चुका था। बस अंतिम मुहर गुरुवार को लगी।
भारतीय जनता पार्टी में नए क्षेत्रीय अध्यक्ष पूरन लाल लोधी की ताजपोशी के साथ ही संगठन के भीतर नए राजनीतिक समीकरणों की चर्चा तेज हो गई है। पूरन लाल लोधी पूर्व सांसद राजवीर गुट के माने जाते हैं। राज्यसभा सांसद बीएल वर्मा से उनका 36 का आंकड़ा है। इसके अलावा लोधी समाज के कुछ अन्य बड़े नेताओं को भी पूरन लाल लोधी का अध्यक्ष बनना नगवार गुजरा है। लेकिन बेचारे क्या करें, दिल मसोस कर बैठे हैं। भाजपा के क्षेत्रीय अध्यक्ष बनाए गए पूरनलाल लोधी और पूर्व क्षेत्रीय अध्यक्ष से प्रदेश उपाध्यक्ष बने दुर्विजय सिंह शाक्य के स्वागत में शहरभर में होर्डिंग लगाए गए हैं। हालांकि राजनीतिक गलियारों में सबसे ज्यादा चर्चा इस बात की है कि बधाई संदेशों और होर्डिंगों में प्रदेश उपाध्यक्ष का वर्चस्व अधिक दिखाई दे रहा है। बरेली शहर के प्रमुख चौराहों और बाजारों में लगे अधिकांश होर्डिंगों में भाजपा नेताओं ने दुर्विजय सिंह शाक्य को प्रमुखता से बधाई दी है।
ब्रज का क्षेत्रीय अध्यक्ष बनने के बावजूद पूरनलाल लोधी के साथ संयुक्त होर्डिंग अपेक्षाकृत कम दिखाई देने को लेकर संगठन के भीतर कई तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। दिनभर शहर में यही चर्चा रही कि आखिर यह केवल समर्थकों की सक्रियता है या फिर संगठन के भीतर नए राजनीतिक समीकरण आकार ले रहे हैं। सूत्रों के अनुसार, क्षेत्रीय संगठन की नई टीम के गठन को लेकर भी नेताओं और पदाधिकारियों की सक्रियता बढ़ गई है। अब क्षेत्रीय टीम में जगह बनाने की कोशिशों के बीच नेताओं का रुख भी बदलता नजर आ रहा है। बताया जा रहा है कि कुछ वरिष्ठ नेता पिछले दो दिनों से सनसिटी स्थित आवास पर लगातार मुलाकात कर रहे हैं, जबकि जिला स्तर के कई पदाधिकारी अब सीबीगंज की ओर भी सक्रिय दिखाई दे रहे हैं।
राम जन्म भूमि आंदोलन से जुड़े रहे हैं पूरन लाल लोधी
लॉ ग्रेजुएट पूरनलाल लोधी वर्ष 1989 से भारतीय जनता पार्टी के संगठन में सक्रिय हैं। श्रीराम जन्मभूमि आंदोलन के दौरान भी उनकी सक्रिय भूमिका रही। वह वर्ष 2010 से 2012 तक बरेली भाजपा के जिलाध्यक्ष रह चुके हैं। इसके अलावा क्षेत्रीय उपाध्यक्ष, प्रदेश कार्यसमिति सदस्य और भाजपा पिछड़ा वर्ग मोर्चा के प्रदेश महामंत्री जैसी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभा चुके हैं। संगठन चुनावों में उन्हें कई जिलों का पर्यवेक्षक और चुनाव अधिकारी भी बनाया गया। शाहजहांपुर, पीलीभीत, रामपुर, मुरादाबाद, मुजफ्फरनगर सहित अनेक जिलों में उन्होंने संगठनात्मक जिम्मेदारियां संभाली हैं।
नई टीम का गठन और जिलाध्यक्षों से तालमेल रहेगा चुनौती
क्षेत्रीय अध्यक्ष बनाए जाने के बाद पूरनलाल लोधी ने कहा कि वह केंद्रीय और प्रदेश नेतृत्व के विश्वास पर खरा उतरने का पूरा प्रयास करेंगे। उनका लक्ष्य बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करना और सरकार की योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना होगा। हालांकि होर्डिंगों को लेकर चल रही चर्चाओं पर भाजपा की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है, लेकिन संगठन के भीतर नए समीकरणों और क्षेत्रीय टीम के गठन को लेकर राजनीतिक हलचल लगातार तेज होती दिखाई दे रही है। बरेली भाजपा पूर्व से ही अंर्तकलह और गुटबाजी से जूझ रही थी। कई जिलाध्यक्षों के समीकरण क्षेत्रीय अध्यक्ष से मेल नहीं खा रहे थे। अब नये क्षेत्रीय अध्यक्ष के सामने सबसे बड़ी चुनौती ये है कि कुछ जिलाध्यक्ष अपनी अलग ढपली और अपना अलग राग अलाप रहे हैं। ऐसे में इन जिलाध्यक्षों के साथ तालमेल बिठाना उनके लिये सबसे बड़ी चुनौती होगी। सबसे खास बात ये हि कि क्षेत्रीय टीम में अपने चहेते कार्यकर्ताओं को सेट कराने के लिये बड़े नेताओं का क्षेत्रीय अध्यक्ष पूरन लाल लोधी पर खासा दबाव रहेगा। अब देखना है कि वह कर्मठ कार्यकर्ताओं के साथ संतुलन बनाने वाली टीम तैयार करते हैं या बड़े नेताओं के चाटुकार कार्यकर्ताओं की फौज का हिस्सा बनते हैं।