बरेली। मेरठ के चर्चित ललिता गौतम हत्याकांड और 8 जुलाई को मेरठ कलेक्ट्रेट में हुई घटनाओं की निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के भोजीपुरा विधानसभा क्षेत्र से संभावित प्रत्याशी एवं अधिवक्ता अमर सिंह ने उत्तर प्रदेश की राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी बरेली के माध्यम से सौंपा।
ज्ञापन में कहा गया कि 15 मई 2026 को मेरठ के रोहटा थाना क्षेत्र के ग्राम उकसिया में दलित छात्रा ललिता गौतम के अपहरण और हत्या के मामले में अब तक सभी आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। इससे पीड़ित परिवार और समाज में गहरा आक्रोश व्याप्त है।
8 जुलाई की घटनाओं की निष्पक्ष जांच कराने की मांग
अमर सिंह ने आरोप लगाया कि 8 जुलाई 2026 को शेष आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर मेरठ कलेक्ट्रेट पहुंचे परिजनों और समाज के लोगों पर कथित रूप से लाठीचार्ज किया गया तथा प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया गया। उन्होंने पूरे घटनाक्रम की स्वतंत्र, निष्पक्ष और समयबद्ध जांच कराने की मांग की।
अधिवक्ता रवि गौतम प्रकरण की भी हो उच्चस्तरीय जांच
ज्ञापन में अधिवक्ता रवि गौतम के साथ कथित पुलिस अभद्रता और बल प्रयोग के मामले की भी उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की गई है। साथ ही कहा गया है कि यदि जांच में किसी पुलिस अधिकारी या कर्मचारी की भूमिका दोषपूर्ण पाई जाती है तो उसके विरुद्ध विभागीय एवं विधिक कार्रवाई की जाए।
राज्यपाल से साक्ष्य सुरक्षित रखने और रिपोर्ट सार्वजनिक करने की अपील
ज्ञापन के माध्यम से राज्यपाल से मांग की गई है कि ललिता गौतम हत्याकांड के शेष आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी सुनिश्चित की जाए। साथ ही 8 जुलाई की घटनाओं और अधिवक्ता रवि गौतम प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराई जाए, सीसीटीवी फुटेज सहित अन्य साक्ष्यों को सुरक्षित रखा जाए और जांच रिपोर्ट सार्वजनिक की जाए।
भविष्य में ऐसी घटनाएं रोकने के लिए दिशा-निर्देश जारी हों
अमर सिंह ने ज्ञापन में कहा कि अधिवक्ताओं, महिलाओं और आम नागरिकों के साथ भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए जाएं। उन्होंने राज्यपाल से संवैधानिक दायित्वों के अनुरूप हस्तक्षेप कर पूरे प्रकरण में निष्पक्ष, समयबद्ध एवं न्यायोचित कार्रवाई सुनिश्चित कराने की मांग की।