बरेली। शैडोफैक्स कंपनी की फ्रेंचाइजी दिलाने का झांसा देकर एक युवक से करीब 7.08 लाख रुपये की साइबर ठगी का मामला सामने आया है। पीड़ित ने पूरे घटनाक्रम की शिकायत साइबर क्राइम थाने में की। जिसके बाद साइबर क्राइम पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
पीड़ित मेहल कुमार ने दी तहरीर में बताया कि 30 मार्च 2026 को उन्होंने शैडोफैक्स कंपनी की फ्रेंचाइजी का ऑनलाइन विज्ञापन देखा। इसके बाद खुद को कंपनी का कोऑर्डिनेटर बताने वाले विकास जैन ने संपर्क कर फ्रेंचाइजी का ऑफर दिया। ईमेल के जरिए भेजे गए प्रोस्पेक्टस में फ्रेंचाइजी शुल्क 2.05 लाख रुपये बताया गया और भरोसा दिलाया गया कि फ्रेंचाइजी छोड़ने पर 90 प्रतिशत रकम वापस कर दी जाएगी। शिकायत के मुताबिक पहले रजिस्ट्रेशन के नाम पर 25,500 रुपये जमा कराए गए। इसके बाद एग्रीमेंट, बकाया शुल्क, इंश्योरेंस, एनओसी और अन्य औपचारिकताओं के नाम पर अलग-अलग बैंक खातों में लगातार रकम जमा कराई गई। बाद में कंपनी के मैनेजर बताने वाले सुनील कश्यप ने भी कई तरह की कमियां बताकर और पैसे जमा कराए।
फ्रेंचाइजी रद्द कराने पर भी मांगे पैसे
जब पीड़ित ने मां की खराब तबीयत का हवाला देकर फ्रेंचाइजी रद्द करने और पैसा वापस करने की बात कही तो कंपनी की ओर से कैंसिलेशन चार्ज के नाम पर 77,065 रुपये और जमा करा लिए गए। इसके बाद शेयर निवेश, बैंक प्रक्रिया और अन्य बहानों से भी लाखों रुपये वसूले लिए। पीड़ित ने बताया आरोपियों ने दावा किया कि चेक जारी कराने के लिए अकाउंट विभाग ने काफी मेहनत की है और कर्मचारियों को करीब 50 हजार रुपये रिश्वत के तौर पर देने होंगे। पीड़ित ने दो किश्तों में 30 हजार और 20 हजार रुपये भी जमा कर दिए।
स्पीड पोस्ट से चेक की जगह पहुंचा रद्दी कागज
आरोप है कि बाद में बैंक सिक्योरिटी इंश्योरेंस के नाम पर 63,771 रुपये और जमा करा लिए गए। इसके बाद कंपनी के नए मैनेजर विशाल शर्मा ने स्पीड पोस्ट की रसीद भेजी, लेकिन जब लिफाफा मिला तो उसमें चेक की जगह रद्दी कागज निकला। शिकायत करने पर कंपनी ने आंतरिक जांच का भरोसा दिया, लेकिन न तो रकम वापस मिली और न ही कोई समाधान हुआ। पीड़ित का आरोप है कि फ्रेंचाइजी दिलाने के नाम पर उससे करीब 7,07,776 रुपये की ऑनलाइन ठगी की गई। उसने साइबर क्राइम थाने में शिकायत दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई और ठगी गई रकम वापस दिलाने की मांग की है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।