बरेली के बिथरी चैनपुर थाने में पुलिस हिरासत के दौरान 26 वर्षीय युवक अनिल गंभीर रूप से घायल हो गया। युवक के हाथ की नसें कटने से अत्यधिक रक्तस्राव हुआ और उसकी हालत नाजुक होने पर उसे निजी मेडिकल कॉलेज के आईसीयू में भर्ती कराया गया। इस घटना ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। एक ओर पुलिस इसे हादसा बता रही है, वहीं परिजनों का आरोप है कि थाने में मारपीट के दौरान युवक का हाथ दरवाजे के कांच में फंस गया और पुलिसकर्मियों ने उसे जबरन खींच दिया, जिससे हाथ की नसें बुरी तरह कट गईं।
बिथरी चैनपुर थाना क्षेत्र के चंदपुर गांव निवासी अनिल को शनिवार शाम छेड़छाड़ की शिकायत के आधार पर पुलिस थाने लेकर गई थी। रात में जब परिवार उसके बारे में जानकारी लेने थाने पहुंचा तो उन्हें युवक के थाने में होने से ही इनकार कर दिया गया। काफी देर बाद पता चला कि अनिल गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती है। आरोप है कि पुलिस ने घटना की जानकारी परिवार से छिपाए रखी और उन्हें घंटों तक गुमराह किया।
पुलिस वालों ने की थाने में मारपीट
परिवार का आरोप है कि थाने में पुलिसकर्मियों ने अनिल के साथ मारपीट की। इसी दौरान उसका हाथ सीसीटीएनएस कक्ष के कांच वाले दरवाजे में जा फंसा। आरोप है कि कांच में फंसे हाथ को सावधानी से निकालने के बजाय पुलिसकर्मियों ने जोर से खींच दिया, जिससे हाथ की नसें कट गईं और अत्यधिक खून बहने लगा। हालत बिगड़ने पर उसे पहले सीएचसी और बाद में निजी मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया, जहां ऑपरेशन के बाद आईसीयू में रखा गया है।
बिथरी पुलिस पर सबूत मिटाने का आरोप
घटना के बाद पुलिस ने सबूत मिटाने की कोशिश की। उनका कहना है कि रविवार सुबह ही थाने के टूटे कांच को बदलवा दिया गया और कमरे में फैला खून भी साफ करा दिया गया। उनका आरोप है कि पूरी घटना को छिपाने का प्रयास किया गया।
छेड़छाड़ की शिकायत पर पीआरवी लाई थी थाने
दूसरी ओर, पुलिस का कहना है कि अनिल को छेड़छाड़ की शिकायत पर पीआरवी थाने लाई थी। पुलिस के मुताबिक, युवक शराब के नशे में था और पुलिसकर्मियों से अभद्रता कर रहा था। इसी दौरान उसने सीसीटीएनएस कक्ष के दरवाजे के कांच पर हाथ मार दिया, जिससे वह खुद घायल हो गया। पुलिस का कहना है कि घायल युवक का उपचार कराया जा रहा है।
पुलिसकर्मियों की भूमिका की भी हो रही जांच
एसपी नॉर्थ मुकेश चंद्र मिश्र ने बताया कि मामले की जांच के आदेश दे दिए गए हैं। जांच रिपोर्ट के आधार पर यदि किसी पुलिसकर्मी की लापरवाही या दोष सामने आता है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल युवक का इलाज जारी है और मामले की जांच की जा रही है।