बरेली। परसाखेड़ा औद्योगिक क्षेत्र के झुमका तिराहे पर बुधवार सुबह एक दर्दनाक हादसे ने सिस्टम की संवेदनहीनता भी उजागर कर दी। ड्यूटी से घर लौट रहे बुजुर्ग को तेज रफ्तार पिकअप ने रौंद दिया। टक्कर इतनी भीषण थी कि मौके पर ही उनकी मौत हो गई। हादसे के बाद पिकअप ट्रक से टकराकर पलट गई, लेकिन पुलिस राहत-बचाव से ज्यादा सीमा विवाद में उलझी रही।
ड्यूटी से लौटते समय हुआ हादसा
फतेहगंज पश्चिमी थाना क्षेत्र के गांव धनतिया निवासी 70 वर्षीय चंद्रपाल गंगवार परसाखेड़ा स्थित एक कार शोरूम के गोदाम में काम करते थे। बुधवार सुबह करीब छह बजे वह साइकिल से घर लौट रहे थे। झुमका तिराहा पार करते वक्त बिलवा की ओर से आ रही मुर्गियों से भरी तेज रफ्तार पिकअप ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी।
टक्कर के बाद ट्रक से भिड़कर पलटी पिकअप
बुजुर्ग को कुचलने के बाद पिकअप चालक नियंत्रण खो बैठा और सामने से आ रहे ट्रक से जा भिड़ा। टक्कर इतनी तेज थी कि पिकअप सड़क पर पलट गई। हादसे में चंद्रपाल गंगवार की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पिकअप में भरी बड़ी संख्या में मुर्गियां भी मर गईं। सूचना पर पहुंची पुलिस ने वाहन को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है।
सीमा विवाद में उलझी पुलिस, पोस्टमार्टम में देरी
हादसे के बाद परसाखेड़ा चौकी और फतेहगंज पश्चिमी थाना पुलिस के बीच क्षेत्राधिकार को लेकर विवाद सामने आ गया। दोनों पक्ष घटना स्थल को अपने क्षेत्र से बाहर बताते रहे, जिससे कार्रवाई और पोस्टमार्टम की प्रक्रिया में देरी होती रही। इस दौरान परिजनों को भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
परिवार में मचा कोहराम
मृतक के परिवार में पत्नी सावित्री देवी, पुत्र हरेंद्र गंगवार और पुत्री सोनिया हैं। बेटे की शादी हो चुकी है, जबकि बेटी अविवाहित है। हादसे की सूचना मिलते ही घर में मातम छा गया और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।