बरेली। शहर के नामचीन होटल रमाडा के किचन में खाद्य सुरक्षा और स्वच्छता मानकों को लेकर गंभीर खामियां सामने आई हैं। एक दिन पहले ही होटल प्रबंधन ने ऑडिट में ए प्लस ग्रेड मिलने का दावा किया था, लेकिन यह दावा 24 घंटे भी नहीं टिक सका। मानक पूरे नहीं मिलने पर खाद्य सुरक्षा विभाग ने होटल के किचन का लाइसेंस निलंबित कर दिया।
बड़े दावों के बीच मानकों में फेल हुआ किचन
शासन के निर्देश पर चलाए जा रहे शुद्ध ही शुभ है अभियान के तहत फूड एंड ड्रग्स ऑडिट टीम ने शहर के होटल और रेस्टोरेंट की जांच की। विभागीय अधिकारियों के अनुसार, सिविल लाइंस स्थित होटल रमाडा के किचन में खाद्य सुरक्षा, सफाई और गुणवत्ता से जुड़े निर्धारित मानक पूरे नहीं मिले। इसके बाद किचन का लाइसेंस निलंबित करने की कार्रवाई की गई।
ए प्लस का प्रचार, अगले ही दिन कार्रवाई
सबसे बड़ा सवाल होटल रमाडा प्रबंधन के उस दावे पर खड़ा हुआ है, जिसमें निरीक्षण के बाद खाद्य सुरक्षा, स्वच्छता और गुणवत्ता के मानकों के पालन के लिए ए प्लस ग्रेड मिलने की बात कही गई थी। दावा सामने आने के अगले ही दिन विभाग ने किचन का लाइसेंस निलंबित कर दिया। इस कार्रवाई ने होटल की ओर से किए गए प्रचार और किचन की वास्तविक स्थिति के बीच बड़ा विरोधाभास उजागर कर दिया है।
34 प्रतिष्ठानों की रसोई तक पहुंची टीम
ऑडिट टीमों ने बरेली के 34 प्रतिष्ठानों में किचन की सफाई, खाद्य सामग्री के भंडारण, गुणवत्ता, जल निकासी, कीट नियंत्रण और वेज-नॉनवेज खाद्य पदार्थों को अलग रखने की व्यवस्था जांची। स्टेशन रोड स्थित कृष्णा भोजनालय में जांच के दौरान कॉकरोच और एक्सपायर्ड खाद्य सामग्री मिलने की बात सामने आई। विभाग ने कृष्णा भोजनालय का लाइसेंस भी निलंबित कर दिया।
दूसरे जिलों की टीमों ने की औचक जांच
जांच की निष्पक्षता बनाए रखने के लिए दूसरे जिलों की टीमों को बरेली के होटल और रेस्टोरेंट के निरीक्षण की जिम्मेदारी दी गई थी, जबकि बरेली की खाद्य सुरक्षा टीम अन्य जिलों में जांच करने गई थी। औचक कार्रवाई के दौरान प्रतिष्ठानों की बाहरी चमक के साथ उनके किचन की वास्तविक स्थिति भी परखी गई। सहायक खाद्य आयुक्त संदीप चौरसिया ने बताया कि निर्धारित मानक पूरे नहीं मिलने पर होटल रमाडा और कृष्णा भोजनालय के किचन के लाइसेंस निलंबित किए गए हैं। विभागीय कार्रवाई ने साफ कर दिया कि केवल बड़े नाम और बड़े दावे खाद्य सुरक्षा की गारंटी नहीं हैं।