बरेली। आंवला में पिछले साल अंकुश पर हुए एसिड अटैक की जांच में पुलिस ने कासगंज के चन्द्रकेश उर्फ चन्द्रवीर को गिरफ्तार किया है। शनिवार को एसपी साउथ अंशिका वर्मा ने प्रेसवार्ता कर मामले का खुलासा किया। पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने अंकुश को रास्ते से हटाने की साजिश रची और अपने एक साथी के साथ मिलकर उस पर तेजाब फेंक दिया।
एसपी साउथ अंशिका वर्मा ने बताया कि पूछताछ में चन्द्रकेश ने बताया कि उसका एक युवती से प्रेम प्रसंग था। युवती अंकुश से भी बातचीत करती थी। चन्द्रकेश ने अंकुश को उससे बात करने से मना किया तो दोनों के बीच कहासुनी हो गई। आरोप है कि इसी विवाद के बाद उसने अंकुश पर हमले की योजना बनाई और अपने दोस्त को भी इसमें शामिल कर लिया।
मुकदमे में 14 नाम, जांच में सामने आया चन्द्रकेश
इस मामले में सात मार्च 2025 को यादराम वर्मा की तहरीर पर आंवला थाने में 14 नामजद लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ था। बाद में जांच भमोरा थानाध्यक्ष कुशलपाल सिंह को मिली। पुलिस का दावा है कि जांच और कॉल डिटेल खंगालने पर चन्द्रकेश की भूमिका सामने आई। उसके एक अन्य साथी के साथ हमले में शामिल होने के साक्ष्य भी मिले। हालांकि, पहले नामजद किए गए लोगों की भूमिका पर प्रेस नोट में स्थिति स्पष्ट नहीं की गई है।
अरिल नदी के पुल पर पुलिस ने दबोचा
जांच में नाम सामने आने के बाद पुलिस ने चन्द्रकेश की तलाश शुरू की। शनिवार दोपहर करीब 1:20 बजे उसे आंवला-अलीगंज मार्ग पर अरिल नदी के पुल से गिरफ्तार कर लिया गया। 25 वर्षीय चन्द्रकेश कासगंज जिले के ढोलना थाना क्षेत्र के तबलपुर गांव का रहने वाला है। पुलिस उसे न्यायालय में पेश करने की कार्रवाई कर रही है।
दूसरे साथी की भूमिका भी आई सामने
पुलिस के मुताबिक, वारदात में चन्द्रकेश के साथ उसका एक दोस्त भी शामिल था। जारी प्रेस नोट में दूसरे आरोपी के नाम और उसकी गिरफ्तारी के बारे में जानकारी नहीं दी गई है। चन्द्रकेश को पकड़ने वाली टीम में भमोरा थानाध्यक्ष कुशलपाल सिंह, सर्विलांस प्रभारी अभिषेक, एसओजी द्वितीय प्रभारी अमरेश सिंह और आंवला थाने के उपनिरीक्षक सुमित सिंह शामिल रहे।