भारत के आर्थिक भविष्य की दिशा तय करने वाला केंद्रीय बजट 2026-27 और यूरोपीय यूनियन के साथ हुआ ऐतिहासिक मुक्त व्यापार समझौता देश के लिए नए अवसरों के द्वार खोल रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस समझौते को “मदर ऑफ ऑल डील्स” बताते हुए कहा कि इससे 27 यूरोपीय देशों के साथ भारत का व्यापार तेज़ी से बढ़ेगा और पंजाब समेत कई राज्यों में उद्योग, रोजगार और निर्यात को नई रफ्तार मिलेगी।
जालंधर से लुधियाना तक गूंजेगा दिल्ली: केंद्रीय बजट 2026-27 और यूरोपीय यूनियन के साथ हाल ही में हुए मुक्त व्यापार समझौते को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने इस समझौते को पूरी दुनिया के लिए “मदर ऑफ ऑल डील्स” बताते हुए कहा कि यह भारत के आर्थिक परिदृश्य को पूरी तरह बदलने की क्षमता रखता है। प्रधानमंत्री के अनुसार, इस डील से 27 यूरोपीय देशों के साथ भारत का व्यापार न सिर्फ बढ़ेगा, बल्कि देश के छोटे-बड़े उद्योगों को वैश्विक बाजार में नई पहचान भी मिलेगी।
प्रधानमंत्री मोदी ने वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा पेश किए गए केंद्रीय बजट 2026-27 की सराहना करते हुए कहा कि यह बजट गरीबों, अन्नदाताओं, युवाओं और महिलाओं के सशक्तिकरण को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार ने इस बजट में गांवों, किसानों और युवाओं के लिए 17 लाख करोड़ रुपये का प्रावधान किया है, जिससे जमीनी स्तर पर बदलाव दिखाई देगा।
बजट से बदलेगा शहरों का भविष्य
पीएम मोदी ने विशेष रूप से पंजाब के औद्योगिक शहरों जालंधर, लुधियाना और अमृतसर का जिक्र करते हुए कहा कि बजट में इन शहरों को विकास के बड़े केंद्रों के रूप में विकसित करने पर फोकस किया गया है। उन्होंने कहा कि इन इलाकों में कपड़ा, खेल सामग्री और छोटे उद्योगों से जुड़े लाखों लोग हैं, जिन्हें अब वैश्विक बाजार से जोड़ने का अवसर मिलेगा।
“मदर ऑफ ऑल डील्स” क्यों है EU समझौता?
प्रधानमंत्री ने बताया कि यूरोपीय यूनियन के साथ हुए मुक्त व्यापार समझौते के तहत भारतीय उत्पादों पर यूरोप में लगने वाला टैक्स बेहद कम हो जाएगा। इससे भारतीय सामान यूरोपीय बाजारों में सस्ते और प्रतिस्पर्धी बनेंगे। मोदी ने कहा, “जब 27 देशों के दरवाजे एक साथ खुलते हैं, तो उसे मामूली समझौता नहीं कहा जा सकता। यही वजह है कि पूरी दुनिया इसे मदर ऑफ ऑल डील्स कह रही है।”
पंजाब को होगा सबसे बड़ा फायदा?
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि पंजाब अपने मेहनती लोगों और कुशल युवाओं के लिए जाना जाता है। जालंधर और लुधियाना के कपड़ा उद्योग, अमृतसर की हस्तकला और खेल सामग्री उद्योग को इस समझौते से सीधा फायदा मिलेगा। उन्होंने कहा कि अब यहां बने कपड़े और खेल सामान यूरोपीय बाजारों तक आसानी से पहुंचेंगे, जिससे फैक्ट्रियों में ऑर्डर बढ़ेंगे और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।
किसानों के लिए भी सुनहरा मौका
पीएम मोदी ने बताया कि इस व्यापार समझौते से केवल उद्योग ही नहीं, बल्कि किसान भी लाभान्वित होंगे। प्रसंस्कृत खाद्य पदार्थों के यूरोप तक पहुंचने का रास्ता साफ होने से मोगा, फिरोजपुर, होशियारपुर और बठिंडा जैसे जिलों के किसानों को बेहतर दाम मिल सकेंगे। इससे कृषि आधारित उद्योगों को भी बढ़ावा मिलेगा।
युवाओं के लिए नए रोजगार
प्रधानमंत्री ने कहा कि डिजाइन, पैकेजिंग, क्वालिटी कंट्रोल और लॉजिस्टिक्स जैसे क्षेत्रों में युवाओं के लिए नए रोजगार पैदा होंगे। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे वैश्विक मानकों के अनुसार खुद को तैयार करें ताकि इस मौके का पूरा लाभ उठाया जा सके।
गुणवत्ता पर कोई समझौता नहीं
अपने संबोधन में पीएम मोदी ने उद्योगपतियों और निर्माताओं को कड़ी चेतावनी भी दी। उन्होंने कहा कि वैश्विक बाजार में टिके रहने के लिए गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं किया जा सकता। “जहां भी हमारे उत्पाद जाएंगे, वहां भारत की पहचान बनेंगे। अगर हम गुणवत्ता में पीछे रहे, तो कोई और देश हमारी जगह ले लेगा,” उन्होंने कहा।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि यह बजट और व्यापार समझौता आत्मनिर्भर भारत और मेक इन इंडिया को नई मजबूती देगा। उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले वर्षों में भारत न केवल उत्पादन का केंद्र बनेगा, बल्कि गुणवत्ता और विश्वसनीयता का प्रतीक भी होगा।