बरेली। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बरेली पहुंचने से पहले मंगलवार सुबह भीम आर्मी के कई नेताओं और कार्यकर्ताओं को पुलिस ने घरों में रोक दिया। संगठन के महानगर अध्यक्ष शिवम भारती को भी हाउस अरेस्ट कर लिया गया। भीम आर्मी ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर जिलाधिकारी कार्यालय पर महाधरना देने की तैयारी की थी, लेकिन पुलिस की कार्रवाई के बाद प्रदर्शन नहीं हो सका।
सुबह छह बजे घर पहुंची पुलिस, बाहर निकलने पर रोक
भीम आर्मी महानगर अध्यक्ष शिवम भारती के मुताबिक, मंगलवार सुबह करीब छह बजे पुलिस उनके आवास पर पहुंची और उन्हें हाउस अरेस्ट कर लिया। उन्होंने दावा किया कि संगठन के करीब 70 से 80 अन्य कार्यकर्ताओं को भी उनके घरों में ही रोक दिया गया। सभी कार्यकर्ता जिलाधिकारी कार्यालय पर एकजुट होकर महाधरना प्रदर्शन करने की तैयारी में थे। मुख्यमंत्री के बरेली आगमन के बीच हुई इस कार्रवाई से संगठन का प्रदर्शन कार्यक्रम रुक गया।
मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग पर करना था महाधरना
भीम आर्मी की ओर से मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर जिलाधिकारी कार्यालय पर प्रदर्शन का ऐलान किया गया था। संगठन ने बहुजन समाज के लोगों से बड़ी संख्या में पहुंचकर महाधरने में शामिल होने की अपील की थी। हालांकि, प्रदर्शन से पहले ही पुलिस ने संगठन के नेताओं और कार्यकर्ताओं को घरों से बाहर निकलने से रोक दिया।
बोले शिवम भारती- जनता की आवाज दबाना लोकतंत्र के लिए खतरा
महानगर अध्यक्ष शिवम भारती ने पुलिस की कार्रवाई पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में अपनी मांगों को लेकर शांतिपूर्ण तरीके से विरोध दर्ज कराना नागरिकों का अधिकार है। जनता की आवाज को दबाना लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए खतरा है। उन्होंने कहा कि अपनी बात रखने के लिए किए जा रहे शांतिपूर्ण प्रदर्शन को रोकना उचित नहीं है।
प्रशासन को सूचना नहीं होने का दावा
शिवम भारती के अनुसार, प्रस्तावित महाधरने की जानकारी प्रशासन को नहीं थी। संगठन की ओर से कार्यकर्ताओं को एकजुट होकर प्रदर्शन में शामिल होने की अपील की गई थी। मुख्यमंत्री के आगमन से पहले हुई पुलिस की कार्रवाई को लेकर भीम आर्मी ने सवाल उठाए हैं। इस मामले में पुलिस और जिला प्रशासन का पक्ष सामने आने के बाद ही कार्रवाई की वजह स्पष्ट हो सकेगी।
ये लोग हाउस अरेस्ट
अतुल वाल्मीकि, कार्यकारणी सदस्य, अंकित सागर तहसील अध्यक्ष मीरगंज, प्रभाकर जाटव
तहसील अध्यक्ष आंवला, खड़क सिंह अध्यक्ष लीगल सेल, प्रताप सिंह, जसविंदर सिंह, आदेश प्रताप तहसील उपाध्यक्ष आंवला समेत करीब सैकड़ों कार्यकर्ताओं को हाउस अरेस्ट किया गया।