बरेली। घर में 26 साल के अकलीम की शादी की बातें चल रही थीं। परिवार उसके लिए रिश्ता तलाश रहा था और इंतजार था कि सऊदी अरब से बेटा लौटे तो घर में शहनाई बजे। मगर सोमवार सुबह सात समंदर पार से आई एक खबर ने परिवार के सारे अरमान तोड़ दिए। सऊदी अरब के रियाद में अकलीम खान की हार्ट अटैक से मौत हो गई। अब जिस बेटे के घर लौटने का इंतजार था, उसका शव दो दिन बाद भारत आने की उम्मीद है।
सीबीगंज थाना क्षेत्र के गोबिंदापुर गांव निवासी मुज्जमिल का 26 वर्षीय बेटा अकलीम खान सऊदी अरब के रियाद में रहकर प्लंबर का काम करता था। परिवार से उसकी बातचीत होती रहती थी और परिजन उसके वापस लौटने की राह देख रहे थे। इसी बीच सोमवार सुबह अकलीम की मौत की खबर घर पहुंची। बताया गया कि हार्ट अटैक के बाद उसकी जान चली गई।
बेटे की शादी के देख रहे थे सपने, एक फोन ने उजाड़ दी खुशियां
अकलीम के फुफेरे भाई बाबू खान ने बताया कि वह अविवाहित था। परिवार उसके लिए रिश्ता देख रहा था। उम्मीद थी कि अकलीम जल्द सऊदी अरब से वापस आएगा और रिश्ता तय होने के बाद उसकी शादी कर दी जाएगी। परिवार जिस बेटे के सिर पर सेहरा सजाने के सपने देख रहा था, उसकी अचानक मौत की खबर ने सभी को तोड़कर रख दिया।
जिस बेटे के लौटने का था इंतजार, अब आएगा शव
अकलीम की मौत के बाद अब उसके शव को भारत लाने की प्रक्रिया चल रही है। बाबू खान के मुताबिक सऊदी अरब में जरूरी कागजी कार्रवाई की जा रही है। प्रक्रिया पूरी होने के बाद करीब दो दिन में शव भारत पहुंचने की उम्मीद है। इसके बाद शव को पैतृक गांव गोबिंदापुर लाया जाएगा। अकलीम की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। रिश्तेदार और परिचित परिवार को ढांढस बंधाने पहुंच रहे हैं। परिवार को अब अकलीम के शव के आने का इंतजार है। शव गांव पहुंचने के बाद गोबिंदापुर के कब्रिस्तान में उसे सुपुर्द-ए-खाक किया जाएगा।