बरेली। पुलिसकर्मियों को अब दांतों से जुड़ी बीमारियों के इलाज के लिए निजी अस्पतालों और क्लीनिकों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। पुरानी पुलिस लाइन में डेंटल क्लीनिक खोलने की तैयारी शुरू हो गई है। यहां पुलिसकर्मियों के साथ उनके परिवार के सदस्यों को भी दांतों की जांच और उपचार की सुविधा मिलेगी। क्लीनिक के लिए जरूरी उपकरण खरीदे जाएंगे।
प्रदेश में पुलिस विभाग का पहला डेंटल क्लीनिक होने का दावा
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक पुरानी पुलिस लाइन में प्रस्तावित डेंटल क्लीनिक पुलिस विभाग में अपनी तरह की पहली पहल होगी। इसका फायदा बरेली में तैनात पुलिसकर्मियों और उनके परिवारों को मिलेगा। दांतों की सामान्य जांच से लेकर विभिन्न बीमारियों का उपचार यहां किया जा सकेगा।
छह हजार पुलिसकर्मियों और परिवारों को मिलेगा फायदा
बरेली जिले में पुलिस विभाग में करीब छह हजार अधिकारी और कर्मचारी तैनात हैं। इनमें एसपी, सीओ, इंस्पेक्टर, दरोगा, हेड कांस्टेबल और कांस्टेबल शामिल हैं। अभी दांतों की समस्या होने पर पुलिसकर्मियों या उनके परिवार के सदस्यों को निजी अस्पताल अथवा क्लीनिक जाना पड़ता है। पुरानी पुलिस लाइन में सुविधा शुरू होने के बाद उन्हें काफी सहूलियत मिलेगी।
निजी अस्पतालों में इलाज पर खर्च होते हैं हजारों रुपये
दांतों का इलाज निजी अस्पतालों में महंगा पड़ता है। रूट कैनाल समेत अन्य उपचारों पर कई हजार रुपये खर्च हो जाते हैं। कई बार इलाज लंबा चलने से बार-बार अस्पताल जाना पड़ता है। डेंटल क्लीनिक शुरू होने से पुलिसकर्मियों को इलाज के लिए बाहर जाने की जरूरत कम होगी और समय व खर्च दोनों बचेंगे।
खरीदे जाएंगे उपकरण, जल्द शुरू करने की तैयारी
पुरानी पुलिस लाइन में डेंटल क्लीनिक के लिए जरूरी उपकरण खरीदने की तैयारी है। क्लीनिक में दांतों की जांच और उपचार से जुड़े आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराए जाएंगे। चिकित्सकीय सेवाओं की व्यवस्था भी की जाएगी। सभी तैयारियां पूरी होने के बाद पुलिसकर्मियों और उनके परिवारों के लिए क्लीनिक शुरू कर दिया जाएगा।