बरेली। आवारा पशुओं से किसानों की फसलों को हो रहे नुकसान, सड़कों पर गड्ढों, नशे के बढ़ते कारोबार, सरकारी हैंडपंपों की बदहाली और नकटिया नदी में प्रदूषण समेत 11 समस्याओं को लेकर भारतीय किसान यूनियन (चढूनी) ने आवाज उठाई है। संगठन के पदाधिकारियों ने शनिवार को जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की। चेतावनी दी कि जनहित से जुड़े इन मुद्दों पर प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई तो संगठन आंदोलन की रणनीति बनाएगा।
आवारा पशुओं से फसलें बर्बाद, गोशाला भेजने की मांग
भारतीय किसान यूनियन (चढूनी) के जिलाध्यक्ष केशव सिंह सोलंकी के नेतृत्व में दिए गए ज्ञापन में कहा गया कि जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में आवारा पशुओं की समस्या गंभीर बनी हुई है। छुट्टा पशु खेतों में घुसकर फसलों को नुकसान पहुंचा रहे हैं, जिससे किसानों को आर्थिक क्षति उठानी पड़ रही है। संगठन ने आवारा पशुओं को पकड़कर गोशालाओं में भेजने और समस्या का स्थायी समाधान कराने की मांग की।
सरकारी हैंडपंप खराब, नशे के कारोबार पर सख्ती की मांग
किसान यूनियन ने आरोप लगाया कि जिले में कई स्थानों पर सरकारी हैंडपंप खराब पड़े हैं। इन्हें तत्काल ठीक कराने की मांग की गई। इसके साथ ही नशे के कारोबार पर कठोर कार्रवाई की मांग उठाई गई। संगठन का कहना है कि नशे की चपेट में युवा पीढ़ी आ रही है, इसलिए इसकी बिक्री और तस्करी के खिलाफ अभियान चलाया जाए।
तहसीलों में किसानों को दौड़ाने का आरोप
ज्ञापन में खतौनी, राशन कार्ड और विरासत से जुड़े मामलों को लेकर भी सवाल उठाए गए। किसान नेताओं का आरोप है कि इन कामों के लिए किसानों को तहसीलों के चक्कर काटने पड़ रहे हैं। संगठन ने ऐसी शिकायतों का तत्काल निस्तारण कर किसानों को राहत देने की मांग की।
BDA की खाली जमीनों पर शराबियों-जुआरियों का जमावड़ा
किसान यूनियन ने बीडीए की खाली जमीनों और सुनसान स्थानों पर शाम के समय शराबियों और जुआरियों के जमावड़े का मुद्दा भी उठाया। संगठन ने ऐसे स्थानों पर पुलिस गश्त बढ़ाने की मांग की। इसके अलावा बंद पड़ी फैक्ट्रियों, विशेषकर फतेहगंज पश्चिमी की रबर फैक्ट्री को दोबारा शुरू कर स्थानीय बेरोजगारों को रोजगार देने की मांग की गई। ज्ञापन में नकटिया नदी के प्रदूषण का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया। किसान नेताओं ने कहा कि नदी प्रदूषण के कारण नाले जैसी स्थिति में पहुंच गई है। इसकी सफाई और सौंदर्यीकरण के लिए विशेष बजट जारी कर ठोस कार्ययोजना तैयार की जाए।
दिल्ली हाईवे और फरीदपुर की सड़कों के गड्ढों पर उठाए सवाल
संगठन ने बरेली की प्रमुख सड़कों की बदहाली का मुद्दा उठाते हुए दिल्ली हाईवे, बीसलपुर और पीलीभीत रोड पर बने गड्ढों की मरम्मत कराने की मांग की। इसके अलावा फरीदपुर क्षेत्र में गन्ना सेंटर से गोदाम तक जाने वाले मार्ग पर गहरे गड्ढों के कारण दुर्घटनाओं का खतरा बताते हुए तत्काल मरम्मत कराने को कहा।
श्मशान घाट का रास्ता बदहाल, सीमेंटेड सड़क की मांग
ग्राम पंचायत लुढ़िया अहमद नगर क्षेत्र में श्मशान घाट तक जाने वाले रास्ते की खराब स्थिति का मुद्दा भी ज्ञापन में शामिल किया गया। किसान यूनियन ने बारिश के दौरान होने वाली परेशानी को देखते हुए मार्ग पर सीमेंटेड सड़क बनवाने की मांग की। वहीं बरेली-पीलीभीत रोड स्थित विनय धाम क्षेत्र में प्रकाश व्यवस्था और सुरक्षा के लिए सीसीटीवी कैमरे लगवाने की मांग भी की गई।