बरेली। बरेली में खुसरो कॉलेज के चेयरमैन शेर अली जाफरी पर अपने ही निजी गनर को बंधक बनाकर पीटने का गंभीर आरोप लगा है। गनर का आरोप है कि करीब छह महीने की बकाया सैलरी मांगने पर उसे ऑफिस में बंद कर दिया गया और डंडों, लात-घूंसों से पीटा गया। इतना ही नहीं, घास काटने वाले चाकू से भी हमला किया गया, जिसमें उसकी कलाई कट गई। मामले में एसएसपी अनुराग आर्य के आदेश पर सीबीगंज पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
शिवनगर कॉलोनी निवासी योगेश गुप्ता के मुताबिक वह करीब एक साल से शेर अली जाफरी के यहां निजी गनर की नौकरी कर रहा था। उसकी मासिक सैलरी 28 हजार रुपये तय थी। योगेश का आरोप है कि 1 मार्च से 22 अगस्त 2026 तक की 1,60,533 रुपये की सैलरी उसे नहीं दी गई। वह लगातार अपने रुपये मांग रहा था, लेकिन उसे आज-कल कहकर टाला जा रहा था। योगेश के मुताबिक 21 अगस्त को शेर अली जाफरी उसे अपने डिग्री कॉलेज बाकरगंज, जहानाबाद, पीलीभीत ले गए थे। अगले दिन वह सीबीगंज स्थित खुसरो पीजी कॉलेज पहुंचा। दोपहर करीब 12 बजे योगेश ने जब अपनी बकाया सैलरी मांगी तो आरोप है कि शेर अली जाफरी भड़क गए। गाली-गलौज करने के बाद उसे ऑफिस के अंदर बंद कर दिया गया।
डंडों और लात-घूंसों से पिटाई, चाकू से हमला
योगेश ने आरोप लगाया है कि ऑफिस में बंद करने के बाद उसके साथ डंडों और लात-घूंसों से मारपीट की गई। इसी दौरान ऑफिस में रखा घास काटने वाला चाकू उठाकर उस पर हमला किया गया। बचाव करने के दौरान उसकी कलाई कट गई। पीड़ित का कहना है कि मारपीट के दौरान उसे जान से मरवाने की धमकी भी दी गई। गनर ने पुलिस को दी शिकायत में आरोप लगाया है कि उसे धमकाते हुए कहा गया कि दोबारा रुपये मांगे तो जान से मरवा दिया जाएगा। पीड़ित का यह भी आरोप है कि उसे ऊंचे अधिकारियों से पहचान होने की बात कहकर डराया गया और झूठे मुकदमों में फंसाने की धमकी दी गई।
डी-फार्मा फर्जी डिग्री मामले से भी जुड़ा रहा है नाम
शेर अली जाफरी इससे पहले खुसरो कॉलेज से जुड़े डी-फार्मा फर्जी डिग्री मामले को लेकर भी सुर्खियों में रहे हैं। पुलिस और एसआईटी की कार्रवाई में उनके खिलाफ मुकदमे दर्ज हुए थे और उनकी गिरफ्तारी भी हुई थी। बाद में उन्हें जमानत मिली। उनके खिलाफ गैंगस्टर एक्ट की कार्रवाई भी हो चुकी है। हालांकि, इन मामलों में लगाए गए आरोपों पर अंतिम फैसला अदालत से होना बाकी है। योगेश का आरोप है कि घटना वाले दिन ही वह सीबीगंज थाने पहुंचा था, लेकिन उसकी रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई और मेडिकल भी नहीं कराया गया। इसके बाद उसने एसएसपी अनुराग आर्य से शिकायत की। एसएसपी के आदेश के बाद सीबीगंज पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है। अब पुलिस मारपीट, धमकी और चाकू से हमला किए जाने के आरोपों की जांच कर रही है।
शेर अली जाफरी का बयान
इस मामले में शेर अली जाफरी ने बताया कि योगेश ने दो माह कुछ दिन उनके पास काम किया था, जिसका पैसा वे चेक से दे चुके हैं। इस मामले में उन्होंने ड्राइवर योगेश पर कोर्ट में मुकदमा दर्ज कराया है। ड्राइवर योगेश द्वारा लगाए गए सारे आरोप गलत हैं।