बरेली। शहर की तपती गर्मी के बीच गुरुवार को सिलेक्शन प्वाइंट स्थित मंदिर के पास मानवता की मिसाल देखने को मिली, जब पंजाबी सेवा संगठन की सभी टीमों ने मिलकर विशाल लंगर सेवा का आयोजन किया। इस दौरान जरूरतमंदों और राहगीरों को दाल-चावल, दही और जलेबी का प्रसाद वितरित किया गया। भीषण गर्मी के बावजूद बड़ी संख्या में लोगों ने लंगर ग्रहण किया और संगठन के इस सेवा कार्य की सराहना की।
सेवा, न कि प्रतिस्पर्धा—संगठन का स्पष्ट संदेश
संगठन के पदाधिकारियों ने साफ किया कि उनके द्वारा चलाए जा रहे स्कूल और सामाजिक कार्य किसी प्रतिस्पर्धा के लिए नहीं, बल्कि समाज के आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के उत्थान के उद्देश्य से हैं। पिछले तीन वर्षों में संगठन ने बिना किसी बाहरी फंड के कई जनहितकारी सेवाएं संचालित की हैं, जो इसकी निष्ठा और समर्पण को दर्शाती हैं। महिला अध्यक्ष सुमन साहनी ने कहा कि संगठन को किसी अन्य संस्था से सीख लेने की जरूरत नहीं है, क्योंकि वे स्वयं पहले एक अन्य संगठन में महिला अध्यक्ष रह चुकी हैं। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य पूरे पंजाबी समाज को एक मंच पर लाकर सेवा कार्यों को और मजबूती देना है।
तपती धूप में महिलाओं का समर्पण बना मिसाल
कार्यक्रम में शामिल महिलाओं ने गर्मी की परवाह किए बिना सेवा में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। सुमन साहनी ने सभी सहयोगी महिलाओं—कविता वोहरा, पिंकी जुनेजा, रितु खुराना, शैली कपूर, रीता बत्रा, पूनम, नीतू कौर, प्राची साहनी और शेफाली कालरा—का दिल से आभार जताया। संगठन के अध्यक्ष गौरव खंडूजा ने बताया कि संस्था समय-समय पर राशन वितरण, लंगर, छबील और अन्य सामाजिक कार्य करती रहती है। भविष्य में भी गरीब बच्चों की शिक्षा, स्वर्ग वाहन सेवा और जनहित के अन्य कार्यों के जरिए समाज को मजबूत बनाने के प्रयास जारी रहेंगे।