bareilly मंदारिन भाषा का अध्ययन कर रहे विद्यार्थियों ने ताइवान का पारंपरिक मिड-ऑटम फेस्टिवल

संस्कृति से जुड़ी भाषा की पढ़ाई, विद्यार्थियों ने जाना ताइवान का लोकजीवन

बरेली। महात्मा ज्योतिबा फुले रुहेलखंड विश्वविद्यालय के बहुभाषा उत्कृष्टता केंद्र में मंदारिन भाषा का अध्ययन कर रहे विद्यार्थियों ने ताइवान का पारंपरिक मिड-ऑटम फेस्टिवल उत्साह के साथ मनाया। कार्यक्रम कुलपति प्रो. अनिल कुमार राय की अध्यक्षता में हुआ। केंद्र की समन्वयक प्रो. अनीता त्यागी के मार्गदर्शन और मंदारिन भाषा शिक्षिका चियाली चेन के सहयोग से आयोजित कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने भाषा के साथ ताइवानी संस्कृति को भी करीब से समझा।

परिवार, मित्रता और एकजुटता का पर्व

मंदारिन भाषा शिक्षिका चियाली चेन ने विद्यार्थियों को मिड-ऑटम फेस्टिवल की सांस्कृतिक पृष्ठभूमि और परंपराओं की जानकारी दी। उन्होंने इससे जुड़ी प्रसिद्ध लोककथा ‘चांग-ए की चंद्रमा की ओर उड़ान’ के बारे में भी बताया। विद्यार्थियों को पर्व पर पारंपरिक रूप से खाए जाने वाले पोमेलो फल के सांस्कृतिक महत्व से परिचित कराया गया।

पोमेलो से दिखाई रचनात्मक प्रतिभा

उत्सव में विद्यार्थियों के लिए पोमेलो आर्ट एंड क्राफ्ट गतिविधि आयोजित की गई। विद्यार्थियों ने पोमेलो को अलग-अलग रचनात्मक रूपों में सजाकर अपनी कल्पनाशीलता और कलात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन किया। गतिविधि के माध्यम से उन्हें ताइवानी संस्कृति और पर्व से जुड़ी परंपराओं को समझने का अवसर मिला।

ऊलोंग चाय और स्नैक्स ने बढ़ाया उत्सव का रंग

कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने शिक्षिका चियाली चेन द्वारा तैयार की गई ताइवान की पारंपरिक ऊलोंग चाय और विभिन्न स्नैक्स का आनंद लिया। चाय, खान-पान और आपसी संवाद के जरिए विद्यार्थियों ने पर्व से जुड़ी पारिवारिक एवं सामुदायिक सौहार्द की भावना को समझा।

मंदारिन गीत के साथ हुआ समापन

कार्यक्रम के समापन पर विद्यार्थियों ने लोकप्रिय मंदारिन गीत ‘द मून रिप्रेजेंट्स माई हार्ट’ सीखा और सामूहिक रूप से प्रस्तुत किया। गीत-संगीत ने आयोजन में विशेष आकर्षण जोड़ा। साथ ही विद्यार्थियों को मंदारिन भाषा के उच्चारण और प्रयोग का सहज अभ्यास भी मिला।

भाषा से आगे संस्कृति की समझ

केंद्र की इस पहल में विद्यार्थियों को मंदारिन भाषा के साथ ताइवान की संस्कृति, लोकपरंपराओं, खान-पान, संगीत और रचनात्मक अभिव्यक्ति से परिचित कराया गया। विद्यार्थियों ने विभिन्न गतिविधियों में उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए मिड-ऑटम फेस्टिवल के सांस्कृतिक और मानवीय पक्ष को समझा।

अक्टूबर में होगा विश्वविद्यालय स्तर का आयोजन

केंद्र के अनुसार यह आयोजन कक्षा स्तर पर किया गया था। विश्वविद्यालय स्तर पर मिड-ऑटम फेस्टिवल का भव्य आयोजन अक्टूबर में किया जाएगा। भाषा-अध्ययन को सांस्कृतिक अनुभव से जोड़ने की दिशा में आयोजित कार्यक्रम को विद्यार्थियों के लिए भाषा और संस्कृति सीखने का व्यावहारिक माध्यम बनाया गया।

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