दुबई। पाकिस्तान की कप्तान फातिमा सना ने बल्ले से नाबाद 47 रन बनाए और गेंद से चार विकेट झटके, लेकिन उनका शानदार ऑलराउंड प्रदर्शन भी टीम को विमेंस एशिया कप 2026 के फाइनल में नहीं पहुंचा सका। रोमांचक सेमीफाइनल में श्रीलंका ने पाकिस्तान को चार विकेट से हराकर खिताबी मुकाबले का टिकट हासिल कर लिया। हार के बाद फातिमा सना अपनी भावनाओं पर काबू नहीं रख सकीं और मैदान पर उनकी आंखों से आंसू छलक पड़े।
संकट में संभाली पाकिस्तान की पारी
दुबई इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में शुक्रवार को खेले गए सेमीफाइनल में टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी पाकिस्तान की टीम शुरुआती झटकों से दबाव में आ गई। लगातार विकेट गिरने के बीच कप्तान फातिमा सना ने मोर्चा संभाला। उन्होंने 36 गेंदों में नाबाद 47 रन की जुझारू पारी खेली। गर्मी के कारण फातिमा को क्रैम्प्स की परेशानी भी हुई, लेकिन वह मैदान पर डटी रहीं। तुबा हसन के साथ मिलकर आखिरी ओवरों में तेजी से रन जुटाए और पाकिस्तान को छह विकेट पर 130 रन तक पहुंचाया।
गेंद से भी बरपाया कहर, एक ओवर में दिए दो झटके
131 रन के लक्ष्य का बचाव करने उतरी पाकिस्तान टीम को फातिमा ने गेंद से भी शानदार शुरुआत दिलाई। उन्होंने अपने पहले ही ओवर में लगातार गेंदों पर श्रीलंकाई कप्तान चमारी अटापट्टू और संजना कविंदी को पवेलियन भेज दिया। महज 33 रन तक श्रीलंका के चार विकेट गिर गए और मुकाबला पाकिस्तान की पकड़ में आता दिखाई देने लगा। इसके बाद हर्षिता समरविक्रमा और कविशा दिलहारी ने पाकिस्तान की उम्मीदों पर पानी फेरना शुरू किया। दोनों ने पांचवें विकेट के लिए 67 रन की अहम साझेदारी कर श्रीलंका को मुकाबले में वापस ला दिया। हर्षिता ने 36 और कविशा ने 33 रन बनाए।
फातिमा ने फिर कराई वापसी, लेकिन हाथ से निकल गया मैच
खतरनाक होती साझेदारी को भी फातिमा सना ने ही तोड़ा। उन्होंने हर्षिता को आउट करने के बाद कविशा दिलहारी को एलबीडब्ल्यू कर अपना चौथा विकेट हासिल किया। मुकाबला एक बार फिर रोमांचक मोड़ पर पहुंच गया, लेकिन कौशानी नुत्यांगना और नीलाक्षिका सिल्वा ने श्रीलंका को लक्ष्य तक पहुंचा दिया। नुत्यांगना 10 और सिल्वा 18 रन बनाकर नाबाद रहीं। श्रीलंका ने चार विकेट से मुकाबला जीतकर पाकिस्तान को टूर्नामेंट से बाहर कर दिया।
‘प्लेयर ऑफ द मैच’ बनीं, फिर भी छलक पड़े आंसू
फातिमा सना ने नाबाद 47 रन बनाने के साथ चार विकेट भी लिए। शानदार ऑलराउंड प्रदर्शन के लिए उन्हें ‘प्लेयर ऑफ द मैच’ चुना गया, लेकिन व्यक्तिगत उपलब्धि टीम की हार का दर्द कम नहीं कर सकी। मुकाबला खत्म होते ही फातिमा भावुक हो गईं। टीम को फाइनल तक पहुंचाने के लिए बल्ले और गेंद से पूरी ताकत झोंकने वाली पाकिस्तानी कप्तान की आंखों से आंसू बह निकले। उनकी मायूसी ने सेमीफाइनल की हार की पूरी कहानी बयां कर दी। फातिमा ने मैच के बाद माना कि फील्डिंग में हुई गलतियां पाकिस्तान पर भारी पड़ीं। उनके मुताबिक 130 रन का स्कोर बचाया जा सकता था, लेकिन टीम को बल्लेबाजी में भी सुधार करने की जरूरत है। श्रीलंका ने पाकिस्तान को हराकर फाइनल में जगह बना ली है। अब 13 सितंबर को खिताबी मुकाबले में श्रीलंका का सामना भारत से होगा।