बरेली। कोहाड़ापीर में सीएम ग्रिड परियोजना की राह में दीवार और दुकानें अड़ाकर बैठे अतिक्रमणकारियों पर शुक्रवार को नगर निगम का बुलडोजर गरज उठा। पहले नोटिस देकर कब्जे हटाने की मोहलत दी गई, लेकिन जब इसका असर नहीं हुआ तो प्रवर्तन और निर्माण विभाग की टीम तीन जेसीबी लेकर पहुंच गई। देखते ही देखते बाउंड्रीवॉल समेत 10 दुकानों के आगे किए गए अतिक्रमण पर जेसीबी चलाकर करीब 150 मीटर का हिस्सा साफ करा दिया गया।
नोटिस के बाद भी नहीं हटे कब्जे, फिर पहुंच गई जेसीबी
कोहाड़ापीर में सीएम ग्रिड फेस-2 का काम चल रहा है। सड़क को नए स्वरूप में विकसित करने के बीच अतिक्रमण बड़ी बाधा बन रहा था। नगर निगम इससे पहले भी यहां अभियान चला चुका है। बाकी बचे कब्जेदारों को नोटिस देकर साफ कहा गया था कि वे खुद अतिक्रमण हटा लें। मोहलत मिलने के बाद भी जब कब्जे जस के तस रहे तो शुक्रवार को निगम ने सीधे बुलडोजर उतार दिया। नगर निगम की टीम ने कार्रवाई की शुरुआत मनोहर भूषण इंटर कॉलेज से कुछ दूरी पर स्थित बीएन सक्सेना के मकान के पास से की। प्रवर्तन दल आगे बढ़ा और पीछे-पीछे तीन जेसीबी अतिक्रमण तोड़ती चली गईं। सड़क की सीमा में निकले निर्माण को एक-एक कर हटाया गया।
10 दुकानों के आगे चला बुलडोजर, बाउंड्रीवॉल भी नहीं बची
अभियान के दौरान सबसे बड़ी कार्रवाई दुकानों के आगे किए गए कब्जों पर हुई। निगम की टीम ने 10 दुकानों से अतिक्रमण हटाया। रास्ते में आ रही एक बाउंड्रीवॉल भी जेसीबी से ध्वस्त कर दी गई। करीब 150 मीटर लंबे हिस्से में चले अभियान के बाद सीएम ग्रिड के निर्माण के लिए रास्ता साफ कराया गया। नगर आयुक्त संजीव कुमार मौर्य के मुताबिक सीएम ग्रिड का काम अतिक्रमण के कारण प्रभावित नहीं होने दिया जाएगा। कब्जेदारों को पहले खुद अतिक्रमण हटाने का मौका दिया जा रहा है। इसके बावजूद कब्जा नहीं हटाया जाता है तो नगर निगम अपनी मशीनरी से उसे हटाएगा। कोहाड़ापीर में आगे भी परियोजना की राह में आने वाले अतिक्रमण पर कार्रवाई जारी रहेगी।