लखनऊ: राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह-2026 के तहत प्रदेश में योगी सरकार सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण और आमजन को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने के लिए व्यापक स्तर पर अभियान चला रही है। परिवहन विभाग द्वारा इस विषय में व्यापक स्तर पर प्रवर्तन और जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है जिसके अंतर्गत एक जनवरी से 31 जनवरी तक प्रदेश में सड़क सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जा रही है। अभियान के दौरान हजारों की संख्या में चालान किए गए हैं, वहीं विभिन्न माध्यमों से आम लोगों को सुरक्षित यातायात के प्रति जागरूक भी किया जा रहा है। अभियान का मुख्य उद्देश्य सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाना और आमजन को यातायात नियमों के पालन के लिए प्रेरित करना है।
सड़क सुरक्षा माह के तहत पूरे प्रदेश में अभियान
प्रदेश भर में राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह 2026 का आयोजन किया जा रहा है। इस दौरान परिवहन विभाग के साथ-साथ अन्य संबंधित विभागों द्वारा सड़क सुरक्षा को लेकर विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। परिवहन आयुक्त किंजल सिंह द्वारा जारी की गई जानकारी के अनुसार, राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह के अंतर्गत प्रदेश में एक जनवरी से अब तक सड़क सुरक्षा से संबंधित विभिन्न अभियानों में व्यापक प्रवर्तन कार्रवाई की गई। इस अवधि में हेलमेट न पहनने पर कुल 49,500 चालान किए गए। वहीं, सीट बेल्ट न लगाने के मामलों में 11,740 चालान हुए। ओवरस्पीडिंग के 15,180 मामलों में कार्रवाई की गई, जबकि मोबाइल फोन के प्रयोग पर 4,164 चालान किए गए। इसके अतिरिक्त ड्रिंक एंड ड्राइव के 304 और रॉन्ग साइड ड्राइविंग के 5,546 मामलों में चालान किए गए।
आगरा जोन में सर्वाधिक हेलमेट चालान, कानपुर जोन में सर्वाधिक सीट बेल्ट चालान
अभियान के अंतर्गत, द्वितीय सप्ताह के दौरान आठ जनवरी से 14 जनवरी तक परिवहन आयुक्त के निर्देशों पर “नो हेलमेट, नो फ्यूल” अभियान के साथ-साथ दोपहिया और चार पहिया वाहनों में हेलमेट, सीट बेल्ट और मोबाइल फोन प्रयोग के विरुद्ध विशेष अभियान चलाया गया। इस अवधि में प्रदेश भर में हेलमेट न पहनने पर 34,200, सीट बेल्ट उल्लंघन पर 9,108 और मोबाइल फोन प्रयोग पर 3,033 चालान किए गए। आगरा जोन में सर्वाधिक 5,411 हेलमेट चालान और कानपुर जोन में सर्वाधिक 1,752 सीट बेल्ट चालान किए गए। वहीं, 15 जनवरी से 21 जनवरी के बीच तीसरा सप्ताह मुख्य रूप से अनफिट स्कूली वाहनों और अवैध पार्किंग के विरुद्ध कार्रवाई के लिए समर्पित रहा। इस दौरान कुल 18,379 स्कूली वाहनों की जांच की गई, जिनमें से 351 वाहनों को ओवरलोडिंग और 570 को मानकों की अनदेखी के लिए चालान किया गया। नियमों का पालन न करने पर 75 स्कूली वाहनों के फिटनेस निरस्त किए गए। वहीं अवैध पार्किंग के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए पूरे प्रदेश में 2,617 चालान किए गए।
109 होल्डिंग एरिया में रखे जाएंगे मार्गों से हटाए गए वाहन
राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह के अंतर्गत जारी प्रदेशव्यापी अभियान के अंतिम चरण में 22 जनवरी से 31 जनवरी 2026 तक मुख्य मार्गों से हटाए गए वाहनों को खड़ा करने के लिए होल्डिंग एरिया चिन्हित किए गए हैं। प्रदेश के विभिन्न जनपदों में अब तक 109 होल्डिंग एरिया चिन्हित किए जा चुके हैं। इसके साथ ही राष्ट्रीय राजमार्गों और राज्य राजमार्गों के किनारे अनावश्यक रूप से खड़े वाहनों के विरुद्ध निरंतर कार्रवाई जारी है, ताकि सड़क दुर्घटनाओं को न्यूनतम किया जा सके। वहीं, सड़क सुरक्षा मानकों के प्रति जागरुकता के उद्देश्य से जागरूकता कार्यक्रम भी आयोजित किए जा रहे हैं। राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह के अंतर्गत की जा रही इस कार्रवाई को प्रदेश में सुरक्षित यातायात को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।