कांग्रेस को भगवान राम से दिक्कत!” VB–G राम जी योजना पर गिरिराज सिंह का तीखा हमला
केंद्र सरकार द्वारा मनरेगा की जगह लागू की गई विकसित भारत–गारंटी रोजगार और आजीविका मिशन (ग्रामीण) यानी VB–G राम जी योजना को लेकर सियासत गरमा गई है। इस योजना के विरोध में खड़ी कांग्रेस पर केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने बड़ा और तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस को रोजगार या गरीबों की चिंता नहीं, बल्कि भगवान राम के नाम से ही समस्या है।
गिरिराज सिंह ने अपने लोकसभा क्षेत्र बेगूसराय में मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि कांग्रेस और उसके नेता, जिनमें लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी भी शामिल हैं, इस योजना का विरोध सिर्फ इसलिए कर रहे हैं क्योंकि इसमें भगवान राम का नाम जुड़ा हुआ है। उनका कहना था कि यह विरोध राजनीतिक नहीं, बल्कि वैचारिक और मानसिकता से जुड़ा हुआ है।
केंद्रीय मंत्री ने कहा,
कांग्रेस को गरीब, मजदूर और ग्रामीण भारत से कोई सरोकार नहीं है। उन्हें सिर्फ भगवान राम के नाम से दिक्कत है। अगर योजना में राम का नाम न होता, तो शायद कांग्रेस इसका स्वागत करती।
गांव-गांव चलेगा जागरूकता अभियान
बीजेपी ने VB–G राम जी योजना को लेकर गांव-गांव जागरूकता अभियान चलाने का ऐलान किया है। पार्टी नेताओं का कहना है कि कांग्रेस इस योजना को लेकर जनता के बीच भ्रम फैला रही है, जिसे दूर करना जरूरी है। भाजपा कार्यकर्ता ग्रामीण क्षेत्रों में जाकर लोगों को बताएंगे कि यह योजना कैसे मनरेगा से बेहतर और ज्यादा प्रभावी है।
क्या है VB–G राम जी योजना?
VB–G राम जी योजना को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की मंजूरी मिल चुकी है। यह विधेयक संसद के दोनों सदनों से पारित हो चुका है और इसने महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) की जगह ली है।
- इस योजना के तहत:
- ग्रामीण रोजगार दिवस 100 से बढ़ाकर 125 दिन किए गए हैं
- काम की नियमितता बढ़ेगी
- ग्रामीण परिवारों की आय स्थिरता मजबूत होगी
- आजीविका के नए अवसर पैदा होंगे
गिरिराज सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का लक्ष्य है कि ग्रामीण भारत आत्मनिर्भर बने और गरीब मजदूरों को सालभर रोजगार की गारंटी मिले।
कांग्रेस पर सीधा हमला
गिरिराज सिंह ने कांग्रेस के शासनकाल की तुलना करते हुए कहा कि UPA सरकार ने 10 सालों में राज्यों को सिर्फ 2.13 लाख करोड़ रुपये दिए, जबकि NDA सरकार ने 2014 के बाद से अब तक 8.5 लाख करोड़ रुपये जारी किए हैं। उन्होंने कहा कि यही कारण है कि आज देश की जनता कांग्रेस का असली चेहरा पहचान चुकी है और चुनाव दर चुनाव उसे करारी हार का सामना करना पड़ रहा है।
धार्मिक नाम और राजनीति
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि VB–G राम जी योजना केवल एक रोजगार योजना नहीं, बल्कि राजनीतिक और वैचारिक संघर्ष का प्रतीक बन चुकी है। भगवान राम के नाम को लेकर चल रही बहस आने वाले समय में और तेज़ हो सकती है, खासकर चुनावी माहौल में।
आगे क्या? भाजपा जहां इस योजना को ग्रामीण विकास का नया मॉडल बता रही है, वहीं कांग्रेस इसे सरकार की राजनीतिक ब्रांडिंग करार दे रही है। आने वाले दिनों में यह मुद्दा संसद से लेकर सड़क तक गूंज सकता है।