बरेली। महात्मा ज्योतिबा फुले रुहेलखंड विश्वविद्यालय के सांस्कृतिक केंद्र के विद्यार्थियों ने वाद-विवाद प्रतियोगिता में शानदार प्रदर्शन करते हुए लगातार दूसरी बार चल वैजयंती अपने नाम की है। पक्ष में अभय सिंह ने पहला और विपक्ष में लवी सिंह ने तीसरा स्थान हासिल किया। विद्यार्थियों के प्रदर्शन के आधार पर विश्वविद्यालय को पुरस्कार के साथ चल वैजयंती से सम्मानित किया गया।
श्री राम मूर्ति स्मारक ट्रस्ट, बरेली की ओर से आयोजित वरिष्ठ वर्ग वाद-विवाद प्रतियोगिता का विषय साइबर युद्ध : भविष्य के संघर्षों का नया हथियार था। प्रतियोगिता में प्रतिभागियों ने विषय के पक्ष और विपक्ष में अपने तर्क रखे। विश्वविद्यालय के अभय सिंह ने पक्ष में प्रथम और लवी सिंह ने विपक्ष में तृतीय स्थान हासिल किया।
पिछले साल पहली बार उतरा, तभी जीत ली थी वैजयंती
विश्वविद्यालय सांस्कृतिक केंद्र ने वर्ष 2025 में पहली बार इस प्रतियोगिता में हिस्सा लिया था। तब विद्यार्थियों ने पक्ष वर्ग में तीसरा और विपक्ष वर्ग में दूसरा स्थान हासिल किया था। पहले ही प्रयास में बेहतर प्रदर्शन के आधार पर विश्वविद्यालय ने चल वैजयंती अपने नाम कर ली थी। वर्ष 2026 में विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों ने पिछले साल के प्रदर्शन को और बेहतर किया। पक्ष वर्ग में पहला और विपक्ष में तीसरा स्थान हासिल कर लगातार दूसरी बार चल वैजयंती जीत ली। विश्वविद्यालय प्रशासन ने इसे विद्यार्थियों और सांस्कृतिक केंद्र के लिए बड़ी उपलब्धि बताया है।
कुलपति बोले- तार्किक क्षमता बढ़ाती हैं ऐसी प्रतियोगिताएं
कुलपति प्रो. अनिल कुमार राय ने विजेता विद्यार्थियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि वाद-विवाद जैसी प्रतियोगिताएं विद्यार्थियों में तार्किक चिंतन, अभिव्यक्ति कौशल, विषय की गहरी समझ और आत्मविश्वास विकसित करती हैं। लगातार दूसरी बार चल वैजयंती हासिल करना विद्यार्थियों की मेहनत, प्रतिभा और बेहतर तैयारी का परिणाम है। कुलपति ने सांस्कृतिक केंद्र के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि विद्यार्थियों को शैक्षणिक गतिविधियों के साथ सांस्कृतिक, साहित्यिक और बौद्धिक गतिविधियों में भी लगातार अवसर मिलने चाहिए। इससे विद्यार्थियों का सर्वांगीण विकास होता है और उन्हें विभिन्न मंचों पर अपनी प्रतिभा दिखाने का मौका मिलता है।
लगातार अभ्यास और प्रशिक्षण का मिला नतीजा
सांस्कृतिक समन्वयक डॉ. ज्योति पांडे ने कहा कि वर्ष 2025 और 2026 में लगातार चल वैजयंती जीतना विद्यार्थियों की मेहनत और नियमित अभ्यास का परिणाम है। सांस्कृतिक केंद्र विद्यार्थियों को प्रतियोगिताओं के लिए तैयार करने के साथ उनमें वक्तृत्व कौशल, तार्किक क्षमता, आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और समसामयिक विषयों की समझ विकसित करने पर काम कर रहा है। उपलब्धि पर कुलसचिव महेंद्र कुमार, वित्ताधिकारी महिमा चंद, परीक्षा नियंत्रक अनिल कुमार यादव, सांस्कृतिक समन्वयक डॉ. ज्योति पांडे, प्रो. अमित कुमार सिंह, प्रो. विनय वर्मा, गौरव मिश्रा और तपन वर्मा समेत विश्वविद्यालय के शिक्षकों, अधिकारियों और विद्यार्थियों ने विजेता प्रतिभागियों को बधाई और शुभकामनाएं दीं।