बरेली। किला नदी में शनिवार दोपहर डूबे 27 वर्षीय राहुल राठौर की तलाश रविवार सुबह दर्दनाक अंत के साथ खत्म हो गई। करीब 20 घंटे बाद राहुल का शव किला पुल के नीचे पानी में उतराता मिला। शव दिखाई देते ही मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई। पुलिस ने शव को बाहर निकलवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। राहुल की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया।
बड़े भाई की मिठाई की दुकान पर बैठते थे राहुल
किला छावनी निवासी राहुल राठौर महेंद्र राठौर के पुत्र थे। वह किला पुल के नीचे अपने बड़े भाई सचिन की मिठाई की दुकान पर बैठते थे। शनिवार दोपहर करीब डेढ़ बजे राहुल किला नदी के किनारे गए थे। इसी दौरान वह नदी में डूब गए। नदी में बाढ़ के कारण पानी का बहाव तेज होने से कुछ ही देर में राहुल आंखों से ओझल हो गए।
पैर फिसला या खुद लगाई छलांग? अलग-अलग दावे
राहुल के नदी में गिरने को लेकर स्थानीय लोगों और पुलिस के दावे अलग-अलग हैं। स्थानीय पार्षद रंजीत के मुताबिक, राहुल का पैर फिसल गया था और वह तेज बहाव में बह गए। वहीं पुलिस का दावा है कि राहुल खुद नदी में कूदे थे और वहां मौजूद लोगों ने उन्हें रोकने की कोशिश भी की थी। घटना की वास्तविक परिस्थितियों को लेकर पुलिस जांच कर रही है।
गोताखोरों ने घंटों खंगाली नदी, नहीं मिला था सुराग
सूचना मिलते ही किला थाना पुलिस मौके पर पहुंची। सिटी मजिस्ट्रेट राजेश कुमार वर्मा, सीओ नितिन कुमार और किला थाना प्रभारी अचल कुमार ने भी घटनास्थल पर पहुंचकर हालात का जायजा लिया। स्थानीय गोताखोरों की मदद से नदी में राहुल की तलाश शुरू कराई गई, लेकिन शनिवार शाम तक उनका कोई सुराग नहीं मिल सका। अंधेरा होने के बाद तलाशी अभियान रोकना पड़ा।
सुबह पुल के नीचे उतराता मिला शव
रविवार सुबह किला पुल के नीचे पानी में एक शव उतराता दिखाई दिया। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची तो शव की पहचान राहुल राठौर के रूप में हुई। करीब 20 घंटे से बेटे की सलामती की उम्मीद लगाए परिवार को जैसे ही मौत की खबर मिली, मातम छा गया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।