बरेली। बिथरी चैनपुर में मकान पर कब्जे को लेकर चल रहा विवाद उस वक्त खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया, जब एक महिला ने अपने शरीर पर मिट्टी का तेल छिड़ककर आग लगाने की कोशिश की। ससुर और पति ने शोर मचाकर उसे रोक लिया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने महिला को समझाया। मामले में ससुर की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
तीन मकानों में एक पर पहले से कब्जे का आरोप
मोहनपुर उर्फ रामनगर निवासी भूपराम ने पुलिस को बताया कि उनके बेटे धीरेंद्र की शादी वर्ष 2016 में भोजीपुरा के बिलवा गांव निवासी सुनीता से हुई थी। आरोप है कि शादी के कुछ समय बाद घरेलू विवाद को लेकर बहू आए दिन परिवार से झगड़ा करने लगी। भूपराम के मुताबिक, बहू ने उनके खिलाफ दुष्कर्म और बेटे के खिलाफ दहेज संबंधी मुकदमा भी दर्ज कराया था। इसके बाद वह डर के कारण किराये के मकान में रहने लगे।
अब बाकी दो मकानों पर कब्जे की आशंका
भूपराम का कहना है कि गांव में उनके तीन मकान हैं। आरोप है कि सुनीता एक मकान पर पहले से कब्जा कर रह रही है और अब बाकी दो मकानों पर भी कब्जा करना चाहती है। ससुर ने तहरीर में बहू पर आए दिन गाली-गलौज करने और जान से मारने की धमकी देने का भी आरोप लगाया है।
मिट्टी का तेल डालकर माचिस जलाने लगी
भूपराम के मुताबिक, 3 सितंबर की सुबह करीब 10 बजे सुनीता उनके मकान पर पहुंची। आरोप है कि उसने अपने शरीर पर मिट्टी का तेल छिड़क लिया और माचिस की तीली जलाकर खुद को आग लगाने लगी। यह देखकर भूपराम और उनके बेटे धीरेंद्र ने शोर मचाया और उसे आग लगाने से रोकने की कोशिश की। शोर सुनकर परिवार के अन्य लोग भी मौके पर पहुंच गए।
112 पर फोन, पुलिस पहुंची तो भी आग लगाने की कोशिश का आरोप
परिवार ने तत्काल डायल 112 पर सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची और महिला को समझाया। भूपराम का आरोप है कि इसके बावजूद महिला ने दोबारा आग लगाने का प्रयास किया। परिवार के लोगों ने किसी तरह उसे रोक लिया। ससुर ने पुलिस से कार्रवाई की मांग करते हुए आशंका जताई है कि महिला भविष्य में भी कोई बड़ा कदम उठा सकती है। पुलिस ने तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।